जेसीबी से बाँहा खुदाई कार्य कराने पर भड़के मजदूरों ने किया विरोध प्रदर्शन

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वाराणसी।राजातालाब आराजी लाईन विकास खंड क्षेत्र के ग्राम पंचायत चित्तापुर स्थित बंगालीपुर गांव में सिंचाई विभाग द्वारा (बाँहा) की खुदाई जेसीबी मशीन से करने पर, वहाँ के मजदूरों ने आक्रोशित होकर सोमवार को विरोध प्रदर्शन किया है। जानकारी हो की मनरेगा क़ानून के तहत गाँवों में विभिन्न विकास कार्य में सरकार का दिशा निर्देश है कि निर्माण कार्य सिर्फ मजदूरों से कराना है, परन्तु यहां बाँहा खुदाई कार्य में मजदूर नहीं लगाकर जेसीबी मशीन लगाकर काम पूरा किया जा रहा है। उल्लेखनीय है कि एक ओर जहाँ पूरा देश कोरोना जैसी भीषण महामारी से जूझ रहा है और कोरोना के कारण श्रमिकों का रोजगार खत्म हो गया है। सबसे ज्यादा परेशानी उनलोगों की है, जो दूसरे राज्यों में जाकर दिहाड़ी मजदूरी का काम किया करते थे,जो वर्तमान में अपने घर पर आकर बेरोजगार बैठे हुए हैं।

 

बेरोजगारी दूर करने के लिए सरकार की ओर से मनरेगा योजना के तहत दिहाड़ी मजदूरों के पलायन को रोका जा सके तथा मजदूरों को उनके ही पंचायत में काम मिले, जिससे उनके परिवार का भरण पोषण हो सके। ग्रामीणों का कहना है कि इस कोरोना महामारी में सरकार द्वारा मजदूरों को काम देने के लिए मनरेगा योजना की शुरुआत की गई है किन्तु सिंचाई विभाग और ठेकेदारों की मिलीभगत से जेसीबी के माध्यम से बाँहा खुदाई कार्य पूरा किया जा रहा है। जिससे लॉक डाउन में घर आये दिहाड़ी मजदूर बेकार साबित हो रहे हैं, अब उनके परिवार का भरण पोषण कर पाना मिल का पत्थर साबित हो रहा है।

 

आक्रोशित ग्रामीण मजदूरों ने सिंचाई विभाग के अधिकारियों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करके उच्चाधिकारियों से कारवाई करने की मांग की है। वही इस मामले में खंड विकास अधिकारी विजय जायसवाल ने दूरभाष पर बताया कि जेसीबी से बाँहा खोदाई का मामला मेरे संज्ञान में है लेकिन चुनाव ड्यूटी में हूँ,।

 

विरोध प्रदर्शन में ग्राम प्रधान कविता देवी, हरी शरण पटेल, योगीराज सिंह, राजकुमार गुप्ता, सुरेश राठौर, रोज़गार सेवक सतीशचन्द्र पांडेय, फूलचन्द्र राम, श्रद्धां, रेनू, निशा, नेहा, प्रियंका, मुस्तफ़ा, काशी, अनीता, मीना, प्रमिला, सीमा, लालमनी, गंगाजली, मीरा, हीरामनी, राजकुमारी, राधा आदि लोग शामिल थे।